जयपुर न्यूज डेस्क: राजस्थान के जयपुर में 45 वर्षीय नीरज शर्मा की कथित हत्या के मामले में गिरफ्तार उनकी 23 वर्षीय बेटी आयुषी शर्मा की मुश्किलें बढ़ती नजर आ रही हैं। अब नीरज के भाई राकेश शर्मा ने आयुषी पर अपने पिता विजय शर्मा की मौत में भी शामिल होने का आरोप लगाया है। उन्होंने दावा किया कि इस पूरे घटनाक्रम का मास्टरमाइंड आयुषी का चचेरा भाई बलराम है, जो फिलहाल फरार है।
राकेश शर्मा के मुताबिक, विजय शर्मा राजस्थान हाईकोर्ट में कोर्ट मास्टर थे और जुलाई 2024 में ब्रेन हैमरेज के बाद उनका इलाज चल रहा था। उन्होंने आरोप लगाया कि आयुषी और बलराम ने परिवार को बिना जानकारी दिए विजय शर्मा को दूसरे अस्पताल में शिफ्ट कर दिया और करीब तीन महीने तक यह भी नहीं बताया कि उनका इलाज कहां चल रहा है। बाद में परिवार को उनकी हालत गंभीर होने की जानकारी मिली और अप्रैल 2025 में घर लाने के कुछ समय बाद उनकी मौत हो गई।
परिजनों का आरोप है कि आयुषी को उम्मीद थी कि पिता की मौत के बाद उसे अनुकंपा के आधार पर सरकारी नौकरी मिल जाएगी। हालांकि, उसकी शैक्षणिक योग्यता 12वीं तक होने के कारण परिवार ने नौकरी नीरज शर्मा को देने की सलाह दी, ताकि परिवार की आर्थिक स्थिति संभाली जा सके। राकेश का दावा है कि इसी बात से आयुषी नाराज थी। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि हत्या से कुछ दिन पहले आयुषी ने अपने घर पर दोस्तों के साथ कथित तौर पर तंत्र-मंत्र की एक रस्म भी की थी।
गौरतलब है कि 3 जुलाई को नीरज शर्मा अपने घर से करीब 100 मीटर दूर मॉर्निंग वॉक पर निकली थीं, तभी एक तेज रफ्तार एसयूवी ने उन्हें कुचल दिया था। इस मामले में पुलिस ने आयुषी समेत पांच आरोपियों को गिरफ्तार किया है। जांच में यह भी सामने आया है कि आयुषी ने कथित तौर पर एक महीने पहले भी अपनी मां को एसयूवी से कुचलने की कोशिश की थी, लेकिन भारी ट्रैफिक के कारण वह योजना पूरी नहीं हो सकी। पुलिस फरार आरोपी बलराम की तलाश कर रही है और परिवार की ओर से लगाए गए नए आरोपों की भी जांच कर रही है।