जयपुर न्यूज डेस्क: राजस्थान के कान्हा ग्रुप (Kanha Group) के खिलाफ आयकर विभाग (Income Tax Department) की छापेमारी तीसरे दिन भी जारी रही और जांच में नए-नए खुलासे सामने आए। जयपुर में ग्रुप के एक ठिकाने पर आयकर टीम को एक 'खुफिया दीवार' मिली, जिसके पीछे अत्यंत सावधानी से स्ट्रॉन्ग रूम बनाया गया था। इस कमरे से भारी मात्रा में ज्वेलरी और सोने के गहने बरामद हुए हैं। विभाग अभी इनकी कीमत का आकलन कर रहा है और संभावना जताई जा रही है कि यह छापेमारी अगले दिन तक भी चल सकती है।
पहले दो दिनों में रेस्टोरेंट मालिक के घर और कार्यालय से संदिग्ध दस्तावेज बरामद हुए थे, लेकिन तीसरे दिन का खुलासा जांच की दिशा ही बदल देता है। छिपे हुए कमरे में पाए गए गहनों की मात्रा इतनी अधिक थी कि अधिकारियों को इसे मूल्यांकन करने में अतिरिक्त समय लग रहा है। अब मामला केवल टैक्स चोरी तक सीमित नहीं रहा, बल्कि संपत्ति को छुपाने के सुनियोजित तरीकों का भी पर्दाफाश हुआ है।
साथ ही आयकर टीम को ग्रुप से जुड़े 10 से अधिक बैंक लॉकर भी मिले। इन लॉकरों को खोलने की प्रक्रिया सुबह 10 बजे से शुरू कर दी गई। विभाग के सूत्रों का मानना है कि इन लॉकरों में करोड़ों रुपये की बेनामी संपत्ति और बड़ी मात्रा में सोना छिपा हो सकता है। शुरुआती जांच के आधार पर टैक्स चोरी की अनुमानित राशि 100 करोड़ रुपये से अधिक बताई जा रही है।
ये रेड बुधवार सुबह राजस्थान के 6 शहरों और मुंबई के 33 ठिकानों पर एक साथ शुरू की गई थी। जांच में पता चला कि रेस्टोरेंट से होने वाली आमदनी को ताज आमेर और कुंदन वन कूकस जैसे 5-स्टार होटलों में निवेश किया गया था। इसके बावजूद, रेड के दौरान रेस्टोरेंट सामान्य रूप से खुला रहा और ग्राहक खाना-पीना खरीदते रहे।