मुंबई, 05 अप्रैल, (न्यूज़ हेल्पलाइन)। ऑल इंडिया मुस्लिम पर्सनल लॉ बोर्ड (AIMPLB) वक्फ संशोधन बिल को वापस लेने की मांग के साथ पूरे देश में आंदोलन करेगा। शनिवार शाम को AIMPLB मे दो पेज का लेटर जारी किया। AIMPLB ने कहा- हम सभी धार्मिक, समुदाय-आधारित और सामाजिक संगठनों के साथ मिलकर राष्ट्रव्यापी आंदोलन करेंगे। यह अभियान तब तक जारी रहेगा जब तक कि संशोधन पूरी तरह से निरस्त नहीं हो जाते। ऑल इंडिया मुस्लिम पर्सनल लॉ बोर्ड ने कहा, वक्फ संशोधन बिल इस्लामी मूल्यों, धर्म और शरीयत, धार्मिक और सांस्कृतिक स्वतंत्रता, सांप्रदायिक सद्भाव और भारतीय संविधान के आधारभूत ढांचे पर गंभीर हमला है। कुछ राजनीतिक दलों का भाजपा के सांप्रदायिक एजेंडे को दिए गए समर्थन ने उनके तथाकथित धर्मनिरपेक्ष मुखौटे को पूरी तरह से उजागर कर दिया है।
वहीं, AAP विधायक अमानतुल्लाह खान ने बिल के विरोध में सुप्रीम कोर्ट में याचिका लगाई। इससे पहले शुक्रवार को सुप्रीम कोर्ट में दो याचिकाएं लगाई गईं थीं। बिहार के किशनगंज से कांग्रेस सांसद मोहम्मद जावेद और AIMIM सांसद असदुद्दीन ओवैसी ने यह याचिका लगाईं। वक्फ बिल का समर्थन करने के बाद BJP के सीनियर लीडर और पूर्व मंत्री शाहनवाज हुसैन को धमकियां मिली हैं। उन्हें फोन कर जान से मारने की धमकी दी गई। सोशल मीडिया पर भी लगातार धमकाया जा रहा है। साथ ही, राहुल गांधी ने एक्स पोस्ट में लिखा, वक्फ बिल मुसलमानों पर हमला करता है और भविष्य में अन्य समुदायों को निशाना बनाने की मिसाल कायम करता है। बिल पास होने के बाद RSS ने अब कैथोलिक चर्च की जमीन पर फोकस कर लिया है। RSS को अपना ध्यान ईसाइयों की ओर मोड़ने में ज्यादा समय नहीं लगा। संविधान ही एकमात्र ढाल है जो हमारे लोगों को ऐसे हमलों से बचाता है और इसकी रक्षा करना हमारा सामूहिक कर्तव्य है। कांग्रेस नेता केसी वेणुगोपाल ने भी लिखा, जैसा कि अनुमान लगाया गया था, पहले एक अल्पसंख्यक को निशाना बनाया गया, अब दूसरे पर।